e-nam , national agriculture market

Daily Current Affairs 22 feb 2018 – PIB News

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राष्ट्रीय कृषि बाजार (E-NAM) 6 नए फीचर्स (E-National Agriculture Market)

e-nam , national agriculture market

राष्ट्रीय कृषि बाजार (E-NAM)  प्लेटफार्म के इस्‍तेमाल को और अधिक आसान बनाने के लिए इसकी 6 नई विशेषताओं का  शुभारंभ किया। E-NAM योजना भारत सरकार की प्रमुख और महत्वपूर्ण  योजनाओं में से एक है, जिसके द्वारा किसानों को उनकी उपज का ऑन-लाइन प्रतिस्पर्धात्मक बोली द्वारा बेहतर मूल्य दिलाने के उद्देश्य से क्रियान्वित किया गया है। इस मौके पर कृषि एवं किसान कल्याण राज्य मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत भी उपस्थित थे।

E-NAM मोबाइल एप:

  • E-NAM बहुभाषायी मोबाइल एप  है। अब मंडी प्रचालकों (Operators) द्वारा गेट एंट्री का महत्वपूर्ण कार्य सीधे E-NAM मोबाइल एप से किया जा सकता है।
  • जिसमें वे अपनी फसल के क्रय-विक्रय तथा वास्‍तविक बोली प्रक्रिया की प्रगति की जानकारी अपने मोबाइल एप पर प्राप्‍त कर सकेंगे।
  • व्यापार के दौरान फसल की गुणवत्ता संबंधी जानकारी को देखने की सुविधा व्यापारियों को (E-NAM) मोबाइल एप पर उपलब्ध कराई गई है।
  • अब व्यापारी E-NAM मोबाइल एप से डेबिट कार्ड और नेट बैंकिंग के माध्यम से भी ऑन-लाइन भुगतान कर सकता है।

प्रमुख बिंदु

  • (E-NAM) का मुख्य उद्देश्य अधिक पारदर्शिता और प्रतिस्पर्धा सुनिश्चित करते हुए किसानों को उनकी उपज का बेहतर मूल्य दिलाना है।
  • किसानों के लिए कृषि वस्तु्ओं के विपणन की प्रक्रिया को आसान बनाने के लिए राष्ट्रीय कृषि बाजार (E-NAM) की शुरुआत की गई थी और 14 अप्रैल, 2016 से इसे 21 मंडियों में शुरू किया गया था। अब तक 14 राज्यों और एक केन्द्र शासित प्रदेश की 479 मंडियोंइससे जुड़ चुकी हैं ।
  • (E-NAM) वेबसाइट अब आठ स्थानीय भाषाओं (हिंदी, तमिल, तेलुगु, बंगाली अंग्रेजी, गुजराती, मराठी और ओडिया) में उपलब्ध हैं ।
  • इसके अंतर्गत भीम एप से भुगतान सुविधा   हैं ।
  • ई-लर्निंग (E-learning) की सुविधा
  • MIS (Management Information Systems) डैशबोर्ड की सुविधा
  • मंडी सचिवों के लिये शिकायत निवारण प्रबंधन प्रणाली
  • किसान डेटाबेस का एकीकरण

 

समुद्री घोंघे कैंसर की दवा

बंगाल के वैज्ञानिकों द्वारा  समुद्र में पाए जाने वाले घोंघा की खास प्रजाति के शरीर में मिलने वाले तरल पदार्थ के इस्तेमाल से एक ऐसी दवा की खोज की है, जिससे कैंसर के रोग का इलाज संभव है।

प्रमुख बिंदु

  •  कैंसर की अवस्था में ट्यूमर सेल से एक प्रकार का रसायन का रिसाव होता है, जो कैंसर के सेल्स को बढ़ाने में सहायक भूमिका निभाता है। घोंघे के शरीर में पाये जाने वाले तरल पदार्थ के मिश्रण से बनी दवा उक्त हानिकारक रसायन को बनने से रोकने की क्षमता रखती है।
  • वैज्ञानिकों द्वारा इस दवा का परीक्षण चूहे, बिल्ली और कुत्तों पर किया गया है, जो सफल रहा है , शीघ्र ही इसका परीक्षण मानव पर भी किया जाएगा।
  • इस दवा का कोई साइड इफेक्ट नहीं होगा क्योंकि यह दवा केवल कैंसर के ट्यूमर पर ही काम करेगी।
  • बंगाल के सुंदरवन के समुद्री इलाके में पाए जाने वाले घोंघे पर शोध कार्य 2005 में  शुरू किया गया। टेलीस्कॉप जैसा दिखने के कारण इसे टेलीस्कॉपियम नाम दिया गया है।

 

पूर्वोत्तर में प्रथम क्षेत्रीय कृषि केन्द्र 

इजराइल के सहयोग द्वारा पूर्वोत्तर में प्रथम क्षेत्रीय कृषि केन्द्र का  7 मार्च को  मिजोरम में उद्घाटन किया जाएगा, जिसकी लागत 8-10 करोड़ रुपये की है,जिसका विकास विशेष रूप से खट्टे फलों (Citrus Fruits) के प्रसंस्करण के लिए होगा।

प्रमुख बिंदु

  • वर्तमान में भारत में इस तरह के 22 परिचालन केन्द्र मौजूद हैं, जिनमें हरियाणा, गुजरात, मध्यप्रदेश, राजस्थान और पंजाब शामिल हैं।
  •  इसका पहला केन्द्र 2008 हरियाणा में स्थापित किया गया था।
  •  भारत में सिक्किम को  पहला ऑर्गेनिक राज्य घोषित किया गया है और इजराइल इस दिशा में भी सहयोग कर सकता है।

 

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