कुली बेगार आन्दोलन (Kuli Begar Movement)

इस प्रथा में व्यक्ति को बिना पारिश्रमिक दिए कुली का काम करना पड़ता था  इसी कारण इसे  कुली बेगार (Kuli Begar) कहा जाता था | विभिन्न ग्रामों के ग्राम प्रधानो (पधानों) का यह दायित्व था, कि वह एक निश्चित अवधि के लिये, निश्चित संख्या में 

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उत्तराखंड का इतिहास – प्रागैतिहासिक काल

उत्तराखंड (Uttarakhand) राज्य में विभिन्न स्थानों से प्राप्त हुए पाषाणकालीन उपकरण, गुफा, शैल-चित्र, कंकाल, और  धातुओं के उपकरणों से प्रागैतिहासिक काल में मानव निवास की पुष्टि हुई हैं| इस काल के साक्ष्य निम्न स्थलों से प्राप्त हुए है – लाखु गुफा (Lakhu Cave) – वर्ष 1963 में

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उत्तराखण्ड का परिचय

उत्तराखंड राज्य उत्तराखंड (Uttarakhand) भारत के उत्तर में स्थित एक राज्य है। यह भारत का 27 वाँ और हिमालिय क्षेत्र का 11वाँ राज्य हैं। इसे देवभूमि (Devbhomi) के नाम से भी जाना जाता हैं क्योंकि यहाँ पर बहुत से हिन्दू देवी-देवताओँ  के मंदिर स्थित हैं। राज्य

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देहरादून (Dehradun) 

उपनाम – द्रोणागिरी, पहाड़ो की रानी(मसूरी) अस्तित्व – 1857 A.D क्षेत्रफल – 3088 वर्ग किमी . तहसीलें – 7 (ऋषिकेश, चकराता, त्यूणी, , विकासनगर, डोईवाला, , देहरादून, कालसी) विकासखंड – 6 (डोईवाला, चकराता, कालसी,  रायपुर, विकासनगर, सहसपुर) प्रसिद्ध मन्दिर – महासू देवता, संतलादेवी, डाटकाली,  टपकेश्वर, कालसी, बुद्धाटेम्पल प्रसिद्ध मेले –  दशहरा, जौनसारी भाबर का मेला,

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उत्तरकाशी (Uttarkashi)

पुराना नाम – बाड़ाहाट उत्तरकाशी को द्वितीय रंगीलो बैराट के नाम से भी जाना जाता है। उपनाम – उत्तर का काशी अस्तित्व – 24 फ़रवरी 1960 क्षेत्रफल – 8016 वर्ग किमी . तहसील – 6 ( मोरी,  भटवाड़ी, चिन्यालीसौड़, डुंडा, पुरोला, बड़कोट) विकासखंड – 6 (मोरी,  भटवाड़ी, चिन्यालीसौड़, डुंडा, पुरोला, नौगाव ) प्रसिद्ध

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टिहरी गढ़वाल (Tehri Garhwal)

टिहरी नगर के पौराणिक नाम – गणेश प्रयाग, शेषतीर्थ, धनुष तीर्थ अस्तित्व – 01 अगस्त, 1949 क्षेत्रफल – 4085 वर्ग किमी . तहसील – 10 (घनसाली, टिहरी, जाखणीधार, नरेन्द्र नगर, धनोल्टी,  प्रतापनगर, कांडीसौड़, गजा, देवप्रयाग, नैनाबाग़) विकासखंड – 10 (देवप्रयाग, टिहरी, कीर्तिनगर,  चम्बा,  घनसाली, प्रतापनगर, जौनपुर, जाखाणीधार, नरेन्द्रनगर,  धौलधार) प्रसिद्ध मन्दिर – श्री रघुनाथ

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रुद्रप्रयाग (Rudraprayag)

उपनाम – पुनाड़, रुद्रावत अस्तित्व – 18 सितम्बर, 1997 क्षेत्रफल – 1984 वर्ग किमी . तहसील – 3 (जखोली, रुद्रप्रयाग, ऊखीमठ) विकासखंड – 3 (अगस्त्य मुनि, जखोली, ऊखीमठ) प्रसिद्ध मन्दिर –  कार्तिकस्वामी, केदारनाथ, कालीमठ,  तुंगनाथ,  त्रिजुगिनारायण, चंद्रशिला, कलपेश्वर,  बाणासुर गढ़ मंदिर, काटेश्वर महादेव, गुप्तकाशी, अगस्तेश्वर महादेव, गोरीकुंड,  हरियाली देवी, सोनप्रयाग,

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पौड़ी गढ़वाल (Pauri Garhwal)

उपनाम – गढ़वाल अस्तित्व – 1840 A.D क्षेत्रफल – 5438 वर्ग किमी . तहसील – 10 (पौड़ी, लैंसडाउन, श्रीनगर, यमकेश्वर, थलीसैण, चौबटाखाल, कोटद्वार, चकीसैण, थुमाकोट, सतपुली) विकासखंड – 15 (रिखणीखाल, बीरोंखाल, कलजी खाल, लैंसडाउन, पौड़ी, कोट, द्वारीखाल, यमकेश्वर, थलीसैण,  पोखड़ा, नैनिडाडा, खिर्सू, पाबौ, दुगड्डा, पाणाखेत) प्रसिद्ध मन्दिर – ज्वालपा देवी, धारीदेवी, दुर्गा देवी,

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हरिद्वार (Haridwar)

हरिद्वार उत्तराखंड राज्य का एक जिला है जो कि गंगा नदी के तट पर बसा हुआ है।  हरिद्वार गंगा नदी के किनारे लगने वाले कुम्भ मेले के लिए प्रसिद्ध है। उपनाम – मायानगरी Existence -28 दिसम्बर, 1988 क्षेत्रफल – 3090 वर्ग किमी . तहसील – 5 (हरिद्वार, भगवनापुर, नारसन, लक्सर, रुड़की)

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अल्मोड़ा (Almora)

उपनाम – विभाण्डेश्वर, ताम्रनगरी,  बाल मिठाई का घर, द्वाराहाट – मंदिरों की नगरी स्थापना – 1839 (ई./C.E) क्षेत्रफल – 3090 वर्ग किमी . तहसील – 11 (अल्मोड़ा, भिकियासैण,  चौखुटिया, सोमेश्वर, सल्ट, रानीखेत, जैती, भनौली, द्वाराहाट,  धौलाछिना, स्यालदे, ) विकासखंड – 11 (ताड़ीखेत, लमगडा, धौलादेवी, द्वाराहाट, ताकुला, चौखुटिया, सल्ट, भिकियासैण,  हवालबाग, स्यालदे, भैसियाछाना,) प्रसिद्ध मन्दिर – चितई

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