भारतीय नदियों का अपवाह तंत्र

भारत के अपवाह तंत्र का नियंत्रण मुख्यतः भौगोलिक आकृतियो के द्वारा होता है। इस आधार पर भारतीय नदियों को दो मुख्य वर्गों में विभाजित किया गया है- हिमालय की नदियाँ  सिंधु नदी

भारतीय मरुस्थल

थार मरुस्थल भारत के उत्तर-पश्चिम में तथा पाकिस्तान के दक्षिण-पूर्व में स्थितहै। भारत थार मरुस्थल का अधिकांश भाग राजस्थान में स्थित है परन्तु कुछ भाग हरियाणा, पंजाब,गुजरात और पाकिस्तान के सिंध और पंजाब प्रांतों में भी फैला है। इस क्षेत्र में प्रति वर्ष 150 mm

भारत के तटीय मैदान

भारत के तटीय मैदान भारत के तटीय मैदान का विस्तार पश्चिम में अरब सागर के तट (गुजरात) पर और पूर्व में बंगाल की खाड़ी (पश्चिम बंगाल ) के किनारे स्थित हैं।प्रायद्वीप के पूर्व

भारत के प्रमुख पठार

भारत का प्रायद्वीपीय पठार एक मेज की आकृति वाला स्थल है जो पुराने क्रिस्टलीयए आग्नेय तथा रूपांतरित शैलों से बना है। यह गोंडवाना भूमि के टूटने एवं अपवाह के कारण बना था

भारत का उत्तरी मैदान

भारत के उत्तरी मैदान का निर्माण सिंधु , गंगा एवं इनकी सहायक नदियों के द्वारा हुआ है। यह मैदान जलोढ़ मृदा से बना है। लाखों वर्षों में हिमालय के गिरिपाद में स्थित बहुत बड़े बेसिन (द्रोणी)

भारत का भौतिक विभाजन

भारत को भौगोलिक स्तिथि के पर आधार  निम्नलिखित वर्गों में विभाजित किया जा सकता है हिमालय पर्वत शृंखला (Himalaya Range) उत्तरी मैदान (Northan Plain) प्रायद्वीपीय पठार (Peninsular Pleatue) भारतीय मरुस्थल (Indian Desert) तटीय मैदान

भारत की स्थिति और विस्तार

  भारत की स्थिति व विस्तार अक्षांशीय विस्तार  8°4′  उत्तरी अक्षांश से 37°6′  उत्तरी अक्षांश  के मध्य है। देश का पश्चिम में गुहार मोती (गुजरात ) से पूर्व में किवी-थू (अरुणाचल) में है। देशांतरीय विस्तार  68°7

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